अधिकारियों की सुस्त कार्यशैली और भ्रष्टाचार की वजह से लक्ष्य भी अधूरा: कलेक्टर कर्मवीर

जबलपुर
जबलपुर जिले में लगभग चार सौ किमी में लहरों का जाल फैला है। इन नहरों से किसानों के खेत तक पानी पहुंचाने के लिए लक्ष्य तो तय किया जाता है, लेकिन अधिकारियों की सुस्त कार्यशैली और भ्रष्टाचार की वजह से यह लक्ष्य भी अधूरा ही रह जाता है। कलेक्ट्रेट में हुई जिला जल उपयोगिता समिति की बैठक में यही बात उठी।

कलेक्टर कर्मवीर शर्मा की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में सिंचाई के तय लक्ष्य को पूरा न करने पर उन्होंने संबंधित अधिकारियों से जवाब मांगा। इतना ही नहीं उन्होंने स्पष्ट लहजे में यह भी कहा कि ऐसा न करने वालों का उत्तरादायित्व भी तय किए जाए, ताकि ऐसा न होने की वजह स्पष्ट हो सकें।

संबंधित अधिकारियों से कलेक्टर शर्मा ने पूछा कि आखिर ऐसी कौन सी वजह है, जिससे तय लक्ष्य का पूरा नहीं किया। उन्होंने नहरों की खराब स्थिति होने और इनकी मरम्मत न किए जाने को लेकर नाराजगी भी बयां की और कहा कि बरसात पूर्व नहरों की मरम्मत क्यों नहीं की गई। नहरों के अंतिम छोर तक पानी नहीं पहुंचने की वजह से फसल उत्पादकता पर कमी होने की स्थिति पर उन्होंने कहा कि इसके लिए उत्तरदायित्व तय किया जाए।

बैठक में एनवीडीए के अधीक्षण यंत्री व जल संसाधन विभाग के कार्यपालन यंत्री सहित सभी विभागीय अधिकारी मौजूद रहे। इस दौरान संबंधित अधिकारियों ने बताया गया कि जिले में 400 किलोमीटर तक की लहरें बनाई गई हैं, जिसकी मदद से 60 हज़ार हेक्टेयर भूमि को सिंचित करना का लक्ष्य बनाया गया था, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। अभी तक 37 हजार 500 हेक्टेयर भूमि तक ही पानी पहुंचाया गया। इस बार रबी के लिए 46 हजार हेक्टेयर भूमि सिंचित करने का लक्ष्य बताया गया ।

जिला जल उपयोगिता समिति की बैठक में रानी अवंती बाई लोधी सागर परियोजना जबलपुर के बांयी तट और दांयी तट नहर के साथ हिरण जल संसाधन संभाग से रबी एवं खरीद में की गई सिंचाई के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। इसके साथ ही खरीफ का लक्ष्य एवं वास्तविक सिंचाई से लेकर रबी सिंचाई का लक्ष्य निर्धारण पर भी चर्चा हुई। नहरों के रखरखाव व मरम्मत आदि पर समीक्षा की गई। कलेक्टर ने कहा कि सभी नहरें साफ-सुथरी हो ताकि जरूरत के अनुसार किसानों को पानी मिल सके। जहां तक नहरों से पानी पहुंच सकता है, वहां तक किसी भी स्थिति में किसानों को कृषि कार्य के लिए पानी की किल्लत न हो।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *